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6 नवंबर को वक्री शुक्र का कन्या राशि में प्रवेश : जानें सभी 12 राशियों पर प्रभाव

6 नवंबर 2026 को वक्री शुक्र कन्या राशि में प्रवेश करेंगे, 14 नवंबर को मार्गी होंगे और 22 नवंबर तक रहेंगे। जानें इस दौरान सभी 12 राशियों पर शुक्र गोचर का प्रभाव।

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Venus Retrograde In Virgo 2026

शुक्र प्रेम, विवाह, दांपत्य, साझेदारी, धन, सौंदर्य, कला, वाहन और सुख-सुविधाओं के कारक ग्रह हैं। कन्या राशि शुक्र की नीच राशि है।

इस बार शुक्र 6 नवंबर को वक्री अवस्था में कन्या में प्रवेश करेंगे और 14 नवंबर को इसी राशि में मार्गी हो जाएंगे। इसके बाद 22 नवंबर तक शुक्र कन्या में रहेंगे और फिर तुला राशि में लौटेंगे।

इसलिए 6 से 14 नवंबर तक पुराने रिश्तों, आर्थिक फैसलों और सुख-सुविधाओं से जुड़े मामलों की समीक्षा का समय रहेगा, जबकि 14 से 22 नवंबर के बीच उन्हीं मामलों में आगे बढ़ने और निर्णय स्पष्ट होने की स्थिति बन सकती है।

सभी 12 राशियों पर वक्री शुक्र का प्रभाव

मेष राशि (Aries)

मेष राशि के लिए शुक्र द्वितीय और सप्तम भाव के स्वामी होकर षष्ठ भाव में गोचर करेंगे। 6 से 14 नवंबर तक वक्री शुक्र विवाह, साझेदारी, धन और परिवार से जुड़े पुराने विवादों को फिर सामने ला सकते हैं, साथ ही नौकरी, कर्ज और खर्च का दबाव बढ़ सकता है।

शुक्र की सप्तम दृष्टि द्वादश भाव पर होने से खर्च और निजी सुख-सुविधाओं पर ध्यान रहेगा। 14 से 22 नवंबर तक मार्गी शुक्र रुके हुए रिश्तों या साझेदारी के मामलों को सुलझाने और आर्थिक स्थिति को व्यवस्थित करने का अवसर देंगे। इस अवधि में विवाद बढ़ाने के बजाय समझौते पर जोर देना बेहतर रहेगा।

वृषभ राशि (Taurus)

वृषभ राशि के लिए शुक्र प्रथम और षष्ठ भाव के स्वामी होकर पंचम भाव में गोचर करेंगे। 6 से 14 नवंबर तक वक्री शुक्र प्रेम, संतान, शिक्षा और रचनात्मक कामों से जुड़े पुराने विषयों को दोबारा सामने ला सकते हैं। प्रेम संबंधों में पुराने मतभेदों पर बातचीत हो सकती है और पढ़ाई या संतान से जुड़े फैसलों की समीक्षा करनी पड़ सकती है।

शुक्र की सप्तम दृष्टि एकादश भाव पर रहेगी। 14 से 22 नवंबर तक मार्गी शुक्र आय, लाभ और पुराने संपर्कों से मिलने वाले अवसरों को आगे बढ़ाने में मदद कर सकते हैं। प्रेम और आर्थिक मामलों में स्थिति पहले से अधिक स्पष्ट हो सकती है।

मिथुन राशि (Gemini)

मिथुन राशि के लिए शुक्र पंचम और द्वादश भाव के स्वामी होकर चतुर्थ भाव में गोचर करेंगे। 6 से 14 नवंबर तक वक्री शुक्र घर, परिवार, वाहन, संपत्ति और मानसिक सुख से जुड़े पुराने मामलों को फिर सक्रिय कर सकते हैं। घर या वाहन खरीदने की योजना में दोबारा विचार करना पड़ सकता है और परिवार के किसी पुराने मुद्दे पर बातचीत हो सकती है।

शुक्र की सप्तम दृष्टि दशम भाव पर रहेगी। 14 से 22 नवंबर तक मार्गी शुक्र करियर और कार्यक्षेत्र से जुड़े रुके हुए कामों को आगे बढ़ाने में मदद कर सकते हैं। घर और नौकरी से जुड़े फैसलों में स्पष्टता बढ़ने की संभावना रहेगी।

कर्क राशि (Cancer)

कर्क राशि के लिए शुक्र चतुर्थ और एकादश भाव के स्वामी होकर तृतीय भाव में गोचर करेंगे। 6 से 14 नवंबर तक वक्री शुक्र प्रयास, संवाद, छोटे भाई-बहन, यात्राओं और पुराने संपर्कों से जुड़े मामलों को दोबारा सक्रिय कर सकते हैं। किसी पुराने संपर्क से काम या आय का अवसर वापस मिल सकता है, लेकिन बातचीत में गलतफहमी से बचना होगा।

शुक्र की सप्तम दृष्टि नवम भाव पर पड़ेगी। 14 से 22 नवंबर तक मार्गी शुक्र संपर्कों और प्रयासों को आगे बढ़ाने के साथ भाग्य, यात्रा और गुरुजनों से जुड़े मामलों में प्रगति दे सकते हैं। संचार और रचनात्मक कामों से लाभ मिलने की संभावना बढ़ेगी।

सिंह राशि (Leo)

सिंह राशि के लिए शुक्र तृतीय और दशम भाव के स्वामी होकर द्वितीय भाव में गोचर करेंगे। 6 से 14 नवंबर तक वक्री शुक्र धन, बचत, परिवार और वाणी से जुड़े पुराने मामलों को सामने ला सकते हैं। करियर से जुड़ा कोई रुका हुआ आर्थिक मामला दोबारा चर्चा में आ सकता है, जबकि परिवार में बातचीत का असर रिश्तों पर पड़ सकता है। शुक्र की सप्तम दृष्टि अष्टम भाव पर रहेगी।

14 से 22 नवंबर तक मार्गी शुक्र धन और करियर से जुड़े फैसलों को आगे बढ़ाने में मदद कर सकते हैं, लेकिन साझा धन और निवेश के मामलों में जल्दबाजी ठीक नहीं होगी। वाणी और आर्थिक फैसलों में संतुलन बनाए रखना जरूरी रहेगा।

कन्या राशि (Virgo)

कन्या राशि के लिए शुक्र द्वितीय और नवम भाव के स्वामी होकर प्रथम भाव में वक्री और नीच अवस्था में गोचर करेंगे। 6 से 14 नवंबर तक वक्री शुक्र व्यक्तित्व, धन, परिवार और रिश्तों से जुड़े पुराने विषयों को सीधे प्रभावित करेंगे। अपने फैसलों, खर्च और संबंधों को लेकर मन में असमंजस रह सकता है।

शुक्र की सप्तम दृष्टि सप्तम भाव पर होगी, इसलिए विवाह और साझेदारी पर विशेष प्रभाव पड़ेगा। 14 से 22 नवंबर तक मार्गी शुक्र रिश्तों और व्यक्तिगत फैसलों में स्थिति को धीरे-धीरे स्पष्ट कर सकते हैं। धन और दांपत्य से जुड़े मामलों में पहले की तुलना में आगे बढ़ने की स्थिति बनेगी।

तुला राशि (Libra)

तुला राशि के लिए शुक्र प्रथम और अष्टम भाव के स्वामी होकर द्वादश भाव में गोचर करेंगे। 6 से 14 नवंबर तक वक्री शुक्र खर्च, विदेश, निजी जीवन और सुख-सुविधाओं से जुड़े पुराने मामलों को फिर सक्रिय कर सकते हैं। अनावश्यक खर्च या किसी पुराने संबंध से जुड़ी बात मन को परेशान कर सकती है।

शुक्र की सप्तम दृष्टि षष्ठ भाव पर होगी, जिससे नौकरी, कर्ज और विवादों के मामलों पर ध्यान देना पड़ेगा। 14 से 22 नवंबर तक मार्गी शुक्र रुके हुए खर्च या विदेश से जुड़े कामों को व्यवस्थित करने में मदद कर सकते हैं। नौकरी और निजी जीवन से जुड़े मामलों में धीरे-धीरे स्पष्टता आएगी।

वृश्चिक राशि (Scorpio)

वृश्चिक राशि के लिए शुक्र सप्तम और द्वादश भाव के स्वामी होकर एकादश भाव में गोचर करेंगे। 6 से 14 नवंबर तक वक्री शुक्र आय, लाभ, मित्रों और व्यापारिक साझेदारी से जुड़े पुराने मामलों को वापस ला सकते हैं। किसी पुराने संपर्क या साझेदारी से लाभ का अवसर मिल सकता है, लेकिन प्रेम और दांपत्य में पुरानी बातों पर चर्चा भी हो सकती है।

शुक्र की सप्तम दृष्टि पंचम भाव पर रहेगी। 14 से 22 नवंबर तक मार्गी शुक्र आय और लाभ से जुड़े अवसरों को आगे बढ़ाने में मदद कर सकते हैं। प्रेम, संतान और रचनात्मक कामों से जुड़े मामलों में भी स्थिति अधिक स्पष्ट हो सकती है।

धनु राशि (Sagittarius)

धनु राशि के लिए शुक्र षष्ठ और एकादश भाव के स्वामी होकर दशम भाव में गोचर करेंगे। 6 से 14 नवंबर तक वक्री शुक्र नौकरी, करियर, आय और कार्यक्षेत्र से जुड़े पुराने मामलों को दोबारा सामने ला सकते हैं। रुका हुआ काम या पुराना संपर्क करियर में उपयोगी हो सकता है, लेकिन सहकर्मियों के साथ मतभेद से बचना होगा।

शुक्र की सप्तम दृष्टि चतुर्थ भाव पर रहेगी, जिससे घर और परिवार भी प्रभावित होंगे। 14 से 22 नवंबर तक मार्गी शुक्र करियर में रुके काम आगे बढ़ाने और आय से जुड़े अवसरों को मजबूत करने में मदद कर सकते हैं। घर और कार्यक्षेत्र के बीच संतुलन बनाना जरूरी रहेगा।

मकर राशि (Capricorn)

मकर राशि के लिए शुक्र पंचम और दशम भाव के स्वामी होकर नवम भाव में गोचर करेंगे। 6 से 14 नवंबर तक वक्री शुक्र भाग्य, उच्च शिक्षा, यात्रा और करियर से जुड़े पुराने अवसरों को दोबारा सामने ला सकते हैं। रुकी हुई पढ़ाई या करियर की योजना पर फिर से काम शुरू हो सकता है, लेकिन किसी फैसले को जल्दबाजी में अंतिम रूप देना ठीक नहीं होगा।

शुक्र की सप्तम दृष्टि तृतीय भाव पर रहेगी। 14 से 22 नवंबर तक मार्गी शुक्र प्रयास, संपर्क और करियर से जुड़े मामलों को आगे बढ़ाने में मदद कर सकते हैं। पुराने संपर्कों से काम बनने और रुके अवसर के आगे बढ़ने की संभावना रहेगी।

कुंभ राशि (Aquarius)

कुंभ राशि के लिए शुक्र चतुर्थ और नवम भाव के स्वामी होकर अष्टम भाव में गोचर करेंगे। 6 से 14 नवंबर तक वक्री शुक्र साझा धन, निवेश, संपत्ति और परिवार से जुड़े पुराने मामलों को फिर सामने ला सकते हैं। किसी पुराने आर्थिक या संपत्ति विवाद की समीक्षा करनी पड़ सकती है और अचानक खर्च भी सामने आ सकता है।

शुक्र की सप्तम दृष्टि द्वितीय भाव पर रहेगी। 14 से 22 नवंबर तक मार्गी शुक्र धन, बचत और परिवार से जुड़े मामलों को व्यवस्थित करने में मदद कर सकते हैं। आर्थिक फैसलों में स्पष्टता बढ़ेगी, लेकिन बड़े निवेश में सावधानी जरूरी रहेगी।

मीन राशि (Pisces)

मीन राशि के लिए शुक्र तृतीय और अष्टम भाव के स्वामी होकर सप्तम भाव में गोचर करेंगे। 6 से 14 नवंबर तक वक्री शुक्र विवाह, दांपत्य और व्यापारिक साझेदारी से जुड़े पुराने मुद्दों को फिर सामने ला सकते हैं। किसी पुराने रिश्ते या साझेदारी के मामले में दोबारा बातचीत की स्थिति बन सकती है।

शुक्र की सप्तम दृष्टि प्रथम भाव पर होगी, इसलिए इसका असर सोच और व्यक्तिगत फैसलों पर भी पड़ेगा। 14 से 22 नवंबर तक मार्गी शुक्र रिश्तों और साझेदारी में रुके मामलों को आगे बढ़ाने का अवसर दे सकते हैं। बातचीत से गलतफहमियां दूर करने और संबंधों में स्पष्टता लाने का समय रहेगा।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)

शुक्र कन्या राशि में कब प्रवेश करेंगे?

वक्री शुक्र 6 नवंबर 2026 को कन्या राशि में प्रवेश करेंगे।

शुक्र कन्या राशि में कब मार्गी होंगे?

शुक्र 14 नवंबर 2026 को कन्या राशि में मार्गी होंगे।

शुक्र कन्या राशि में कब तक रहेंगे?

शुक्र 22 नवंबर 2026 तक कन्या राशि में रहेंगे। इसके बाद तुला राशि में प्रवेश करेंगे।

6 से 14 नवंबर तक शुक्र का प्रभाव कैसा रहेगा?

इस अवधि में शुक्र वक्री रहेंगे, इसलिए प्रेम, विवाह, धन, साझेदारी और सुख-सुविधाओं से जुड़े पुराने मामलों की समीक्षा और पुनर्विचार की स्थिति बन सकती है।

14 से 22 नवंबर तक शुक्र का प्रभाव कैसा रहेगा?

इस अवधि में शुक्र मार्गी रहेंगे, इसलिए रुके हुए रिश्तों, आर्थिक फैसलों और अन्य शुक्र से जुड़े मामलों में आगे बढ़ने और स्पष्टता आने की संभावना रहेगी।

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